ब्रेकिंग न्यूज

मुंगेली की राजनीतिक धमक अब रायपुर से दिल्ली तक: FCI राज्य समिति में प्रेम आर्य की एंट्री, किसानों के मुद्दों को मिलेगा मजबूत मंच

रायपुर/मुंगेली। छत्तीसगढ़ की राजनीति और किसान हितों के बीच मुंगेली जिले को एक बड़ी पहचान मिली है। भारतीय खाद्य निगम (FCI) की राज्य परामर्शदात्री समिति में मुंगेली के भाजपा नेता प्रेम आर्य की सदस्य के रूप में नियुक्ति ने जिले के राजनीतिक प्रभाव को नई ऊंचाई दे दी है। सांसद बृजमोहन अग्रवाल की अनुशंसा पर गठित इस समिति में प्रेम आर्य को शामिल किया जाना केवल एक राजनीतिक नियुक्ति नहीं, बल्कि मुंगेली के किसानों की आवाज को राज्य और केंद्र तक पहुंचाने वाला महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।


किसानों की समस्याओं को मिलेगा सीधा मंच
FCI की राज्य परामर्शदात्री समिति खाद्यान्न खरीदी, भंडारण और परिवहन जैसी व्यवस्थाओं की निगरानी और सुझाव देने में अहम भूमिका निभाती है। ऐसे में प्रेम आर्य की नियुक्ति से अब मुंगेली जिले के किसानों की जमीनी समस्याएं सीधे शासन-प्रशासन तक पहुंच सकेंगी।
समिति में उनकी भूमिका विशेष रूप से इन मुद्दों पर महत्वपूर्ण मानी जा रही है—


धान खरीदी में पारदर्शिता और तेजी
समय पर बोनस और भुगतान सुनिश्चित कराना
खाद्यान्न भंडारण क्षमता बढ़ाने की पहल
परिवहन व्यवस्था में सुधार
किसानों को केंद्र की योजनाओं का लाभ दिलाना


मुंगेली का बढ़ा राजनीतिक महत्व
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि राज्य स्तर की इस समिति में मुंगेली को प्रतिनिधित्व मिलना जिले के बढ़ते राजनीतिक महत्व का संकेत है। लंबे समय बाद जिले को ऐसा मंच मिला है जहां से स्थानीय समस्याओं को सीधे नीति निर्माण से जोड़ा जा सकेगा।


प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों को मिला प्रतिनिधित्व
समिति में प्रदेश के अलग-अलग अंचलों से अनुभवी और सक्रिय चेहरों को शामिल किया गया है। इनमें जगदलपुर से संतोष बाफना, अंबिकापुर से मेजर अनिल सिंह और दुर्ग से चैनसुख भट्टर सहित कुल 14 सदस्यों को जिम्मेदारी दी गई है।
सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने कहा कि जमीनी स्तर पर सक्रिय लोगों को समिति में शामिल करने का उद्देश्य किसानों की वास्तविक समस्याओं को तेजी से शासन तक पहुंचाना है, ताकि समाधान प्रभावी ढंग से हो सके।


कार्यकर्ताओं और किसानों में उत्साह
प्रेम आर्य की नियुक्ति के बाद मुंगेली में भाजपा कार्यकर्ताओं और किसान संगठनों के बीच उत्साह का माहौल देखा जा रहा है। इसे जिले के लिए सम्मान और भविष्य में विकास की संभावनाओं से जोड़कर देखा जा रहा है।
अपनी नियुक्ति पर प्रेम आर्य ने कहा कि यह उनके लिए पद नहीं बल्कि सेवा का अवसर है। उन्होंने भरोसा दिलाया कि किसानों को सरकारी योजनाओं का पूरा लाभ दिलाने और धान भंडारण व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए वे पूरी सक्रियता से कार्य करेंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

error: Content is protected !!