
मुंगेली/बेमेतरा। मंगलवार सुबह एक सनसनीखेज घटनाक्रम में पद्मश्री फूलबासन बाई यादव के अपहरण का प्रयास किया गया, जिसे पुलिस की तत्परता से विफल कर दिया गया। मामले में दो महिलाओं सहित तीन आरोपियों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है।
प्राप्त जानकारी के अनुसार, सुबह करीब 10 बजे बेमेतरा से आई खुशबू साहू नामक महिला अपने दो साथियों के साथ फूलबासन को किसी जरूरी चर्चा के बहाने घर से बाहर बुलाकर कार में बैठा लिया। कार में बैठते ही आरोपियों ने दरवाजा बंद कर वाहन आगे बढ़ा दिया। रास्ते में फूलबासन के हाथ बांध दिए गए और मुंह को गमछे से बांध दिया गया।
चेकपोस्ट पर खुला मामला
खैरागढ़ मार्ग स्थित चिखली पुलिस चौकी के सामने नियमित जांच के दौरान पुलिस टीम ने संदिग्ध कार को रोका। वाहन के भीतर महिला के हाथ-मुंह बंधे देखकर पुलिस को संदेह हुआ। आरोपियों ने स्थिति को छिपाने के लिए उन्हें मिर्गी का मरीज बताया, लेकिन पुलिस टीम के एक सदस्य ने फूलबासन को पहचान लिया। इसके बाद तत्काल कार्रवाई करते हुए उन्हें सुरक्षित बाहर निकाला गया।
घटनास्थल सुकुल दैहान क्षेत्र का होने के कारण आरोपियों को संबंधित पुलिस चौकी को सौंप दिया गया, जहां उनसे पूछताछ जारी है।
स्वयं सहायता समूह से जुड़ा मामला
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि मुख्य आरोपी महिला स्वयं सहायता समूह से जुड़ी हुई है और पिछले चार-पांच महीनों से फूलबासन के संपर्क में थी। बताया जा रहा है कि वह बेमेतरा क्षेत्र में समूहों को रोजगार प्रशिक्षण के नाम पर जोड़ती थी। पूछताछ के दौरान प्रशिक्षण के नाम पर अवैध वसूली की बात भी सामने आई है।
फिलहाल पुलिस यह जानने में जुटी है कि अपहरण के पीछे आरोपियों की असली मंशा क्या थी। मामले में आगे की कार्रवाई जांच पूरी होने के बाद की जाएगी।


